Tuesday, June 14, 2016

Hypothyroidism

क्या हम hypothyroid के साथ वजन कम कर सकते हे? तो इसका जवाब हे हा.. आप यह कर सकते हे..

Under-active थाइरोइड की स्थिति तब आती हे जब थाइरोइड ग्रंथि पर्याप्त मात्रा में थाइरोइड होर्मोन के उत्पादन में विफल रहती हे. hypothyroid के लक्षण में वजन बढ़ना, थकान, डिप्रेशन, शुष्क त्वचा, कब्ज वगेरा हे. जब व्यक्ति थाइरोइड की दवाई लेता हे फिर भी उसे nutritional guideline follow करना महत्वपूर्ण हे.

मेने अक्सर क्लिनिक में ऐसे मरीज देखे हे जो दवाई ठीक से ले रहे हे और उनके blood reports नार्मल आने के बावजूद हाइपोथायराइडिज्म के कई लक्षण का उन्हें सामना करना पड़ता हे. दवाई के साथ आहार और जीवन शैली में परिवर्तन के सयुंक्त उपचार से इन लक्षणों से छुटकारा पा सकते हे.

ज्यादातर हाइपोथायराइडिज्म hashimoto's नामक एक auto-immune बीमारी के कारण होता हे, यह एक मजबूत genetic component हे जहा व्यक्ति की खुद की immune system थाइरोइड ग्रंथि पे हुम्ला करती हे. इसलिए यहाँ सब्जिया और फलो immune system में सुधार के लिए बहोत ही महत्वपूर्ण हे.


Tips for healthy Thyroid Function :

सभी फलो और सब्जियों में powerful phyto-nutrients होते हे जो एक स्वस्थ immune system के लिए बहोत ही महतवपूर्ण होते हे. अलग अलग फलो और सब्जियों खाने से उनमे होने वाते phyto-nutrients और anti-oxident auto immune disease में होने वाले सुजन को कम करते हे. भोजन में selenium युक्त खाद्य पदार्थ जेसे ब्राज़ील नट्स, अंडे, सूरजमुखी के बिज, लहसुन लेने से स्वस्थ metabolism को मदद मिलती हे. शरीर में selenium की कमी का पता red blood cells selenium blood टेस्ट के द्वारा पता चलता हे अथवा बाल और नाख़ून के विश्लेषण से भी पता चल सकता हे.

स्वस्थ थाइरोइड function के लिए आयोडीन की पर्याप्त मात्रा भी बेहत जरुरी हे. आयोडीन थाइरोइड होर्मोन बनाने के लिए आवश्यक घटक हे. आयोडीन युक्त खाद्य पदार्थ जेसे आयोडीन युक्त नमक, समुद्री मछली, पालक, pineapple खाने से शरीर में आयोडीन की मात्रा बनी रहती हे.

Raw goitroges (कच्ची गोबी, फुलेवर) और सोया प्रोडक्ट खाने में लेना नहीं चाहिए 

Stress आपके थाइरोइड होर्मोन पे एक बड़ा negative impact डालता हे और auto-immune गतिविधियों को बढ़ावा देता हे. Stress management Technique जेसे meditation, योगा, exercise, reading के लिए अपने आप को commitment कीजिए.

चीनी, कैफीन, preservatives, additives, synthetic colors जेसी चीजो का जितना हो सके उतना avoid करने की कोशिश करे.

Coconut oil कुछ studies में sluggish थाइरोइड को active करने में मदद गार साबित हुआ हे.

तो आगे बढे और एक सुस्त थाइरोइड ग्रंथि के सामने सशक्त महसूस कीजिए. आप अपने स्वास्थ्य और वजन कम करने के लक्ष्य में सफल हो सकते हो. 

Thursday, August 20, 2015

शिरदर्द कम करने के उपाय

1. पिने के पानी से

 सिर दर्द के कारणों में से एक है कि शरीर में तरल पदार्थ की  कमी होना। और हम पहले से ही निश्चित रूप से कह  रहे हैं पानी शरीर से सेवन का एक अनिवार्य घटक है। इसलिए, अगर आप सिर दर्द से त्रस्त हैं,  तुरंत सादा पानी पिये। आपको  सिरदर्द से बचने के लिए प्रति दिन 10 - 12  गिलास सादे पानी पीने की आदत बना देनी चाहिए।

2.  आलू (Potato) खाने के साथ सिर दर्द काबू

पानी के कमी की कमी की वजह के अलावा, सिर दर्द पोटेशियम के रूप में इलेक्ट्रोलाइट्स की कमी की वजह से भी हो सकता है। खैर, यह सुनिश्चित करने के लिए हमें यह पोटेशियम से भरपूर खाद्य पदार्थ यानि आलू का उपभोग करना है। पकाया हुआ उबला हुआ आलू खाने के लिए सबसे अच्छा है (तलाहुआ  नहीं)।

3.  केले के साथ

केले के फल के  "हमारे स्वास्थ्य"के लिए कई लाभ है। पोटेशियम युक्त केले में  मैग्नीशियम भी भरपूर होता हे जो सिरदर्द - Migrain दूर करने में मदद करता हे. वैसे, सिरदर्द के  हमलों के समय  आप सिर दर्द को कम करने के लिए केले खा सकते हैं।

4.  आइस क्यूब्स के साथ

क्या आप जानते हैं, आइस क्यूब्स भी सिर में दर्द को दूर करने के लिए इस्तेमाल किया जा सकता हो जाता है। यह आसान है, हमें  सिर्फ आइस क्यूब्सको अपने सिरदर्द वाले  के क्षेत्र पर धीरे-धीरे massage  करने  की जरूरत है।

5. Mint युक्त  खाद्य / पेय पदार्थों के साथ

अगर आपके सिर में दर्द एक भोजन skip करने की वजह हे और  मतली और सिर दर्द का  कारण अल्सर के दर्द  है। इसे इलाज के लिए सबसे अच्छा तरीका है mint युक्त  खाद्य / पेय पदार्थों की खपत है pappermint, पुदीना वाली चाय आदि

6. तनाव से बचें

अक्सर सिरदर्द मांसपेशियों या नसों में तनाव  के कारण होता है  , जो बहुत ज्यादा तनावपूर्ण मन की वजह से है.तो मेरी सलाह हे काम के साथ बहुत व्यस्त होना नहीं है।अपने लिए  मनोरंजन के लिए थोड़ा समय निकाले ।

Monday, August 10, 2015

6 Harmful Skincare Ingredients And Their Replacements

6 Harmful Skincare Ingredients And Their Replacements


Skin, being the outermost covering of our body, is not only the largest body organ but is also the one which is almost always exposed to dust, dirt and harmful infections. Although a number of skincare products are available today which claim to make our skin healthy, certain ingredients can have adverse effects on skin such as pre-mature aging, acne, hormonal imbalance etc. 

Here are 6 ingredients that you must completely avoid are replace with their healthier options:

1. Triclosan - It is used as an anti-bacterial agent and has often been found to be the reason behind endocrine disruption and skin irritation.
Replacement: Essential oils such as citrus, lavender etc. should be used in place of triclosan, which are much healthier and safer to use.

2. Paraben - It is mainly used in skin care products as a preservative and is found to be the major cause for estrogen disruption, eventually leading to breast cancer and various reproductive disorders.
Replacement: In place of paraben-containing products, use the ones with substances such as Benzoic Acid, Sorbid Acid and Sodium Benzoate.

3. Mineral Oil - It is mainly used in moisturizers and disrupts the detoxifying process of the skin, ultimately causing the occurrence of acne, skin irritation and early aging.
Replacement: Mineral oil hinders the normal ‘breathing’ process of the skin and should be replaced by butters and cold pressed oils.

4. BHA and BHT - Both are used as preservatives and are leading causes of endocrine disruption.
Replacement: Tocopherol is the best and safest replacement for both BHA and BHT.

5. Retinol - It is basically used to prevent the signs of aging and is a form of vitamin A which has a peeling effect on the skin. This leads to an increased skin sensitivity and has also been found to be harmful for pregnant women.
Replacement: Hyaluronic acid and aloe vera can be used in place of Retinol.

6. Propelyne Gycol - It is basically used for the maintenance of moisture in skin care products and has often been seen to cause skin irritation.
Replacement: Use products containing sorbitol or glycerin in place of those containing propelyne gycol.

Bibliography :
www.google.com
www. wikihow.com
www.lybrate.com

Wednesday, August 5, 2015

Dengue Fever / डेंगू

हर साल दुनिया में लगभग 10 करोड़ लोग डेंगू / Dengue Fever  के शिकार होते है। भारत में भी हर साल कई लोगो की Dengue Fever के कारण मृत्यु हो जाती है। हमें रोज समाचार पत्रों में या News channel पर Dengue Fever का आतंक देखने को मिलता है। समय की जरुरत है की इस बीमारी के बारे में लोगो में अधिक से अधिक जागरूकता फैलाई जाए। इस लेख द्वारा मेरी कोशिश है की, आपको Dengue Fever सम्बन्धी अधिक से अधिक जानकारी प्राप्त हो।

Dengue Fever के बारे में संक्षिप्त जानकारी निचे दी गयी है :

Dengue Fever क्या है ?

Dengue Fever यह एक viral बीमारी है जो की Dengue virus के 4 प्रकारों में से किसी एक प्रकार के Dengue virus से होता है। जब कोई रोगी Dengue Fever से ठीक हो जाता है, तब उस मरीज को उस एक प्रकार के Dengue virus से लम्बे समय के लिए प्रतिरोध / immunity मिल जाती है परन्तु अन्य 3 प्रकार के Dengue virus से Dengue Fever दोबारा हो सकता है। दूसरी बार होने वाला Dengue Fever काफी गंभीर हो सकता है जिसे Dengue Hemorrhagic Fever कहते है।

Dengue Fever कैसे होता है ?

Dengue Fever हवा, पानी, साथ खाने से या छूने से नहीं फैलता है। Dengue Fever संक्रमित स्त्री / मादा जाती के Aedes aegypti  नामक मच्छर के काटने से होता है। अगर किसी व्यक्ति को Dengue Fever है और उस व्यक्ति को यह मच्छर काट कर उसका खून पिता है तो उस मच्छर में Dengue virus युक्त खून चला जाता है। जब यह संक्रमित मच्छर किसी स्वस्थ व्यक्ति को काट लेता है तो Dengue virus उस स्वस्थ व्यक्ति में चला जाता है।

Aedes aegypti  मच्छर की कुछ खास विशेषताए निचे दी गयी है :

  • यह दिन में ज्यादा सक्रिय होते है.
  • इन मच्छर के शरीर पर चीते जैसी धारिया होती है.
  • ज्यादा ऊपर तक नहीं उड़ पाते है.
  • ठन्डे और छाव वाले जगहों पर रहना ज्यादा पसंद करते है.
  • पर्दों के पीछे या अँधेरे वाली जगह पर रहते है.
  • घर के अन्दर रखे हुए शांत पानी में प्रजनन / breeding करते है.
  • अपने प्रजनन क्षेत्र के 200 meter की दुरी के अन्दर ही उड़ते है.
  • गटर या रस्ते पर जमा खराब पानी में कम प्रजनन करते है.
  • पानी सुख जाने के बाद भी इनके अंडे 12 महीनो तक जीवित रह सकते है.
Dengue Fever के लक्षण क्या है ?

संक्रमित मच्छर के काटने के 3 से 14 दिनों बाद Dengue Fever के लक्षण दिखने शुरू होते है। Dengue Fever के लक्षण निचे दिए गए है :
  • तेज ठंडी लगकर बुखार आना
  • सरदर्द
  • आँखों में दर्द
  • बदनदर्द / जोड़ो में दर्द
  • भूक कम लगना
  • जी मचलाना, उलटी
  • दस्त लगना
  • चमड़ी के निचे लाल चट्टे आना
  • Dengue Hemorrhagic Fever की गंभीर स्तिथि में आँख, नाक में से खून भी निकल सकता है
Dengue Fever का इलाज क्या है ?

  • Dengue Fever का रोकथाम / Prevention ही इसका सबसे अच्छा  और बेहतर ईलाज है.
  • Dengue Fever की कोई विशेष दवा या vaccine नहीं है.
  • एक viral रोग होने के कारण इसकी दवा निर्माण करना बेहद कठिन कार्य है.
  • Dengue Fever के इलाज / चिकित्सा में लाक्षणिक चिकित्सा / symptomatic treatment की जाती है.
  • Dengue Fever की कोई दवा नहीं है पर इस रोग से शरीर पर होने वाले side-effects से बचने के लिए रोगी को डॉक्टर की सलाह अनुसार आराम करना चाहिए और समय पर दवा लेना चाहिए।
  • रोगी को पर्याप्त मात्रा में आहार और पानी लेना चाहिए। बुखार के लिए डॉक्टर की सलाह अनुसार paracetamol लेना चाहिए।
  • बुखार या सरदर्द के लिए Aspirin / Brufen का उपयोग न करे.
  • डॉक्टर की सलाह अनुसार नियमित Platelet count की जाँच करना चाहिए।
  • हमारी रोगप्रतिकार शक्ति Dengue Fever से लड़ने में सक्षम होती है, इसलिए हमें हमेशा योग्य संतुलित आहार और व्यायाम द्वारा रोग प्रतिकार शक्ति को बढाने की कोशिश करनी चाहिए।
Dengue Fever के बचाव के उपाय क्या है ?

जैसे की मैंने पहले भी लिखा है, Dengue Fever का रोकथाम / Prevention ही इसका सबसे बेहतर ईलाज है। 
Dengue Fever के बचाव के उपाय निचे दिए गए है :
  • घर के अन्दर और आस-पास पानी जमा न होने दे। कोई भी बर्तन में खुले में पानी न जमने दे.
  • बर्तन को खाली कर रखे या उसे उलटा कर कर रख दे.
  • अगर आप किसी बर्तन, ड्रम या बाल्टी में पानी जमा कर रखते है तो उसे ढक कर रखे.
  • अगर किसी चीज में हमेशा पानी जमा कर रखते है तो पहले उसे साबुन और पानी से अच्छे से धो लेना चाहिए, जिससे मच्छर के अंडे को हटाया जा सके.
  • घर में कीटनाशक का छिडकाव करे.
  • कूलर का काम न होने पर उसमे जमा पानी निकालकर सुखा कर दे। जरुरत होने पर कूलर का पानी रोज नियमित बदलते रहे.
  • किसी भी खुली जगह में जैसे की गड्डो में, गमले में या कचरे में पानी जमा न होने दे। अगर पानी जमा है तो उसमे मिटटी डाल दे.
  • खिड़की और दरवाजे में जाली लगाकर रखे। शाम होने से पहले दरवाजे बंद कर दे.
  • ऐसे कपडे पहने जो पुरे शरीर को ढक सके.
  • रात को सोते वक्त मच्छरदानी लगाकर सोए.
  • अन्य मच्छर विरोधी उपकरणों का इस्तेमाल करे जैसे की electric mosquito bat, repellent cream, sprays etc. 
  • अगर बच्चे खुले में खेलने जाते है तो उने शरीर पर mosquito repellent cream लगाए और पुर शरीर ढके ऐसे कपडे पहनाए।
  • अपने आस-पास के लोगो को भी मच्छर को फैलने से रोकने के लिए प्रोत्साहित करे.
  • अपने आस-पास में अगर कोई Dengue Fever या Malaria के मरीज का पता चलता है तो इसकी जानकारी स्वास्थय विभाग एवं नगर निगम को दे, जिससे तुरंत मच्छर विरोधी उपाय योजना की जा सके.
  • Dengue Fever के ज्यादातर मरीजो की मृत्यु platelet या खून के अभाव में होती है। मेरी आप सभी से request है की जरुरत के समय रक्तदान / Blood Donation करने से बिलकुल न घबराए और साल में कम से कम दो बार Blood Donation जरुर करे.
  • कई लोग Dengue Fever में Platelet Count बढाने के लिए पपीते के पत्ते का रस पिने के सलाह देते है। पपीते के पत्ते का रस पिने के बाद कई मरीजो में platelet count में सुधार होते हुए देखा गया है। इसका कोई ठोस पुरावा नहीं है और न कोई research हुआ है.
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Tuesday, July 14, 2015

गले के Infection के लिए घरेलू उपचार

1.  नमक वाले पानी से कुल्ला (Salt Water Gurgle)

नमक के पानी की एंटीसेप्टिक गुण  गले के Infection को कम कर सकते हैं। गर्म पानी का एक गिलास ले लो और फिर आधा चम्मच नमक डाल देना। अब, नमक के पानी के  उपयोग से दिन में कई बार कुल्ला करे. कृपया ध्यान रखना की आपको  पानी निगलना नहीं  हैं। कुल्ला  (gargling) खत्म करके आपको  पानी बाहर थूकना हे.  हालत में सुधार करने के लिए आप एक दिन में इस विधि में कम से कम चार बार उपयोग कर सकते हैं।

2. शहद  (Honey )

 शहद का  जीवाणुरोधी गुण गले में खराश से आप को  ठीक कर सकता हैं। यह काफी सरल है। बस गुनगुने पानी की एक कप के साथ शहद का एक या दो बड़े चम्मच  मिलाएं और इसे एक दिन में कई बार पीते रहे. अगर आपको गले में खराश के साथ अच्छा महसूस नहीं हो रहा तो सोने के लिए जाने से पहले बस 1  चमच शहद ले सकते हैं।


3. नींबू (Lemon )

हा, नींबू भी गले में खराश से आप को  छुटकारा दिला  सकता है। आपको  सिर्फ नींबू की स्लाइस , नमक और काली मिर्च  की जरूरत है। नींबू के स्लाइस  पर नमक और काली मिर्च छिड़के  और फिर धीरे धीरे नींबू चाटना हे।
आप गर्म पानी के साथ से नींबू के रस के मिश्रण से भी  कुल्ला कर सकते हैं। अगर आप चाहते हैं तो आप शहद की कुछ बूँदें भी मिला सकते हैं। नींबू, गर्म पानी और शहद के मिश्रण आपको  मदद कर सकते हैं  गले में खराश से छुटकारा पाने के लिए।

4. लहसुन की शक्ति

लहसुन खाना पकाने के लिए ही नहीं है! यह भी गले में खराश को कम करने के लिए इस्तेमाल किया जा सकता है। लहसुन के जीवाणुरोधी और एंटीसेप्टिक गुण आपके  गले में खराश से छुटकारा पाने के लिए मदद कर सकते हैं। आपको ताजा लहसुन को टुकड़ों में  कटौती करना  है। यह बेहतर होगा अगर आप अपने दांतों का उपयोग कर लहसुन को टुकड़ो में विभाजित करे। यह गले में खराश के लिए जिम्मेदार जो रासायनिक तत्व allicin हे उसे मार डालेगा। आप  लहसुन के तेल का भी उपयोग कर सकते हैं। बस लहसुन के तेल की कुछ बुँदे   ¼ कप पानी के साथ ले लो। नियमित रूप से गले पर इसका प्रयोग करें।
 कच्चे और पकाया लहसुन का सेवन करें। अगर आपको  लहसुन का स्वाद अच्छा नहीं लगता तो  लहसुन गोलिया भी ले सकते हे।

5. दालचीनी (Cinnamon)

दालचीनी आपके गले में खराश को कम करने में मददगार है।  दालचीनी पाउडर की एक चुटकी, काली मिर्च की एक चुटकी और थोड़ा सा पानी ले लो। एक साथ तीनको मिक्स करके थोड़ी देर के लिए उबाल लें। इसमें एक चम्मच शहद की डाले। उबला हुआ मिश्रण ले लो और इसे धीरे धीरे  पीते हैं। कम से कम एक सप्ताह के लिए इस उपाय को जारी रखें।

6. सेब का सिरका (Apple Cider Vinegar)

दो बड़े चम्मच Apple Cider Vinegar ले लो और उसे  एक कप गुनगुना पानी  के साथ मिलाये। ये  मिश्रण धीरे धीरे पिये।

7. तुलसी के साथ शहद

 कुछ ताजा तुलसी लीजिये। उनमे से तुलसी के रस निकालके इसके साथ आधा चम्मच शहद मिलाएं और खाली पेट पर इसे पीते हैं।  तुलसी शहद का रस लेने के बाद तुरंत पानी नहीं पीना हे। इस संयोजन नाक बह रही रोकने के लिए और खाँसी के लिए बहुत प्रभावी है। यह ठंड संक्रमण (Cold Infection) की वजह से गले हुई खराश को भी अच्छा कर देता हे.

8. खाद्य पदार्थों में परहेज

 हमेशा याद रखिए आप बहुत ज्यादा मसालेदार भोजन नहीं लेना हे। गले में खराश नियंत्रित करने के लिए आपको ठंडे पानी और आइसक्रीम से परहेज करना होगा।

9. प्याज का रस भी common cold के लिए काफी प्रभावी हे. एक कप गरम पानी में प्याज का रस और लहसुन का रस मिलाये।  हररोज दिन में दो से तीन बार इसे पीते रहे.

10. कुल्ला (Gargle )

कुल्ला गले के  खराश में temporary  राहत ला सकता है। गर्म पानी में एक चम्मच नमक के मिला ले। इस पानी से कुल्ला करे। Gargling आम सर्दी में तत्काल राहत लाने के लिए बहुत प्रभावी है।

11. अदरक

अदरक वाली चाय पीये। यह गले के संक्रमण (Throat infection)  में बहुत प्रभावी है। अदरक की चाय गले में एक सुखदायक प्रभाव देता है। अदरक की चाय आम खांसी और सर्दी में राहत देने के लिए बहुत प्रभावी है। आप दो तरह से अदरक की चाय तैयार कर सकते हैं - दूध के साथ और दूध के बिना।

Saturday, June 20, 2015

Heel Spur या calculus spur (एड़ी का दर्द) के लिए प्राकृतिक उपचार

एड़ी के दर्द के मरीज अक्शर calculus spur के diagnosis के साथ doctor के क्लिनिक से आते हे.

spur का bone या दूसरे soft tissue के साथ घर्षण के कारन pain होता हे. Poky या stitching type का pain होता हे. किसी किसी को तो severe pain होता हे. काफी मरीजों को सुबह बिस्तर हे उठते ही जैसे चलना शुरू करते हे दर्द शुरू हो जाता हे. घर्षण के कारन काफी बार सूजन बी आती हे.



  • Natural  Anti-Inflammatory Substances
अदरक और हल्दी में प्राकृतिक Anti-Inflammatory गुण हे, ये pain-killer या अन्य दवाइओ के स्थान में उपयोग किये जा सकते हे. ये पदार्थ effective होने के उपरांत इनकी side-effect कम होती हे. इसके लिए ये लम्बे समय तक उपयोग किये जा सकते हे. सिर्फ 1 या 2  500 mg वाली अदरक की दवाई दिन में 3 से 4 बार या 400 mg वाली हल्दी की दवाई लम्बे समय तक लेनी हे. 

  • Vitamin B - 12 
आपके शरीर में vitamin - 12 की कमी के कारन हड्डीओं के विभिन्न प्रकार की तकलीफे हो सकती हे. एड़ी का दर्द का एक कारन विटामिन-12 की कमी भी हो सकता हे. आप अपने आहार में fish की मात्रा बढ़ा सकते हो और अगर आप vegetarian हो तो आप विटामिन-12 की दवाइआ supplements की तोर पे ले सकते हो. विटामिन-12 आपके मन को सतर्क और शरीर को ऊर्जा से भरा हुआ भी रखेगा.

बेस्ट विटामिन B 12 आप निचे दी गयी लिंक से खरीद शकते हे..

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  • Omega 3 fatty acids 
Omega-3 Fatty Acids प्रकृति के inflammation के खिलाफ सबसे बड़ा suits हे. आप दर्द और irritation में राहत के लिए cod liver oil की tablets ले सकते हो. cod liver  oil में omega -3  fatty acid की मात्र सबसे ज्यादा मात्रा में होती हे.
Omega 3 आप नीचे  दी गयी लिंक द्वारा ले सकते हे.

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  • Ice - Pack 
Ice - pack हर प्रकार के सूजन के दर्द में उपयोग किया जाता हे. जैसे ही आपको दिनभर की दौड़ भाग के बाद एड़ी में दर्द शुरू हो तो Ice लगाना शुरू कर दीजिये। अपने पाव के arch  के बेहतर cover के लिए frozen की हुई पानी की बोतल को roll कीजिए. 

  • Warm bath with Epsom Salt 
आम तोर पर गरम पानी के साथ शरीर स्नान सुखदायक होता हे. जब दर्द और सूजन से राहत की बात आती हे तो Epsom Salt (Magnesium Sulfate ) में चमत्कारिक गुण हे. एक कप Epsom Salt नहाने के गरम पानी में दाल के उससे एड़ी को हलके से मसाज करना चाहिए. 

  • Borax Solution 
बोरेक्स सोल्युशन बोरेक्स और क्लोरीन युक्त पानी का मिश्रण हे. एक छोटी सी तब को गरम पानी से भरे और उसमे बोरेक्स  सोल्युशन मिलाये उसमे अपनी एड़ी थोड़े समय तक डुबो के रखे. आपको एड़ी के दर्द और सूजन में तेजी से राहत का अनुभव होगा. 

  • Apple Cider Vinegar 
पहले से ही अपने जठर तंत्र में Anti -Inflammatory गुणों के लिए जाना हुआ Apple Cider Vinegar एड़ी के दर्द के लिए भी उपयोगी हे. गर्म   तौलिये को Apple Cider Vinegar में सोक के पैर में लगाने से दर्द और सूजन में तुरंत ही आराम मिलता हे. 

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  • Oil massage 
गर्म तेल की मालिश सामान्य परिस्थतिओं में भी अपने पैरो के लिए बेहद फायदेमंद हे. अगर आप एड़ी के दर्द से परेशान हे तो थोड़ा नारियल तेल या ओलिव आयल को गरम करके एड़ी में मालिश करे. गर्म तेल आपके एड़ी के दर्द को तुरंत ही राहत देगा. 

  • Herbal Green Tea 
हर्बल ग्रीन टी में एंटी - ऑक्सीडेंट गुण होते हे जो सूजन के खिलाफ लड़ते हे और शरीर की रोग प्रतिकारक शक्ति बढ़ाते हे. एड़ी का दर्द काम करने के लिए और Heel Spur का गठन रोकें के लिए ग्रीन टी का नियमित सेवन करे.

  • Flaxseed And Linseed Oil 
Flaxseed और अलसी का तेल एक ही पौधे से प्राप्त होता हे जिसमे Alpha Lino-lenic acid (Omega 3 fatty acid का एक रूप ) होता हे. ये गर्म तेल में एक कपडा डुबोये और उसको पैर के आसपास लपेटे. ये कपडे को स्थिर रखने के लिए उसके ऊपर Plastic का रैपर लगाये.
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Sunday, June 7, 2015

Fruits That Reduce Uric Acid



Uric acid is a problem for a lot of people, and can cause serious health issues. All of us have this compound in our blood, but in small quantities, and we should always try to keep those levels low. One way to do this is by watching what we eat and consuming fruits that can help reduce uric acid naturally.

1.Citrus Fruits
Citrus fruits can protect you from gouty arthritis. Uric acid dissolves in citric acid present in fruits such as orange and lime. Hence, eating citrus fruits helps in lowering the uric acid level in the blood. Vitamin C is great for reducing the amount of uric acid in our blood. It dissolves the crystals that stick to our joints, helping to get rid of them.
2.Apple
Apples help fight against high levels of uric acid, thanks to their high water content. Apple contains malic acid, which neutralizes uric acid, thereby preventing abnormal rise in the uric acid level that causes gout. You can also fight gout by taking two tablespoons of apple cider vinegar daily after meals.
3.Banana
Banana is a rich source of potassium. Potassium stimulates excretion of uric acid. It also helps in preventing crystallization of uric acid. Eat bananas daily to prevent gouty arthritis.
4.Cherry
Eat a cup of tart cherries or drink a glass of cherry juice daily to prevent gout attacks. Studies have shown that cherries help in lowering the uric acid level. The therapeutic effect of cherry is primarily attributed to compounds called anthocyanidins that help in neutralizing uric acid. In addition, the anti-inflammatory property of the compound helps in alleviating inflammation and pain in the joints.
4.Strawberries
Strawberries are one of the most recommended fruits to neutralize uric acid in the body. They are excellent antioxidants and diuretics, and have anti-inflammatory properties. They help to regulate the digestive system, keep you full, and contain Vitamins B, C, K, and potassium. It also helps with eye health, reversing signs of aging, prevents flaccidity and celulitis.
5.Pineapple
Pineapple contains bromelain – an enzyme which has anti-inflammatory qualities and is known to reduce inflammation. It also stimulates the decomposition of uric acid crystals and hence, helps to alleviate the pain associated with gout. Bromelain is also an enzyme that aids in the digestion of protein and we know that a diet high in protein often leads to excess uric acid build up in the blood.
6.Blueberries
These wonder berries should be added to your list of Gout foods to eat. Blueberries contain vitamin C, vitamin E, and they are loaded with anti oxidants. They are great for reducing the inflammation associated with Gout. If you start to feel Gout pain then you should immediately add blueberries to your daily diet.


  Bibliography
www.google.com
www.facebook.com/learningpetals
www.everydayhealthtips.com